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    Thursday, 19 April 2018

    आरक्षण का बना मजाक,ओबीसी का कट ऑफ सामान्य से ज्यादा,मध्यप्रदेश लोकसेवा आयोग का मामला

    आरक्षण का बना मजाक,ओबीसी का कट ऑफ सामान्य से ज्यादा,मध्यप्रदेश लोकसेवा आयोग का मामला

    इंदौर: मप्र लोकसेवा आयोग (पीएससी) ने 298 पदों के लिए आयोजित राज्य सेवा प्रारंभिक परीक्षा (प्री) -2018 के जारी नतीजों में 4907 उम्मीदवारों को सफल घोषित किया है। अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) में महिला आरक्षित श्रेणी के कटऑफ अंक अनारक्षित महिला श्रेणी से चार ज्यादा हैं। 118 फरवरी को आयोजित प्रारंभिक परीक्षा में सफल घोषित उम्मीदवार अब मुख्य परीक्षा में शामिल होंगे। पीएससी ने निर्देश जारी किए हैं कि मुख्य परीक्षा में शामिल होने के लिए सफल उम्मीदवारों को अनुप्रमाणन फॉर्म ऑनलाइन भरना होगा। इसके लिए एक से 31 मई तक का समय रखा गया है। प्रारंभिक परीक्षा का रिजल्ट पांच प्रश्नों को रद करने के चलते कुल 190 अंकों के आधार पर तैयार किया गया। अनारक्षित श्रेणी में कटऑफ 138 अंक रहा। ओबीसी श्रेणी में 134, एससी में 126 और एसटी में 118 अंक हासिल करने वाले चयन सूची में शामिल किए गए हैं। महिला आरक्षित श्रेणी में सामान्य के लिए कट ऑफ 128, एससी में 122, एसटी में 114, जबकि ओबीसी में 132 अंक रहा। पीएससी के परीक्षा नियंत्रक दिनेश जैन के मुताबिक महिला अनारक्षित श्रेणी से ओबीसी महिला का कट ऑफ ज्यादा रहने में असामान्य जैसा कुछ नहीं है। दरअसल, कोर्ट के कई निर्णय आ चुके हैं, जिनके मुताबिक महिला आरक्षण श्रेणी के अंदर ही होरिजेंटल यानी क्षैतिज तरीके से लागू होता है।