अन्तर्जनपदीय स्थानान्तरण या वनवास : गृह जनपद में नौकरी का सपना टूटा, सीतापुर के 2237 शिक्षकों के स्थानांतरण पर ब्रेक

अन्तर्जनपदीय स्थानान्तरण या वनवास : गृह जनपद में नौकरी का सपना टूटा, सीतापुर के 2237 शिक्षकों के स्थानांतरण पर ब्रेक

सीतापुर: अपनों से सैकड़ों किलोमीटर दूर नौनिहालों को तालीम देने वाले शिक्षकों की गृह जनपद में स्थानांतरण की ख्वाहिश पूरी नहीं हो सकेगी। दरअसल शासन ने स्वीकृत के सापेक्ष 15 फीसद से अधिक रिक्त पद वाले जिलों से गैर जनपद जाने वाले बेसिक शिक्षा विभाग के शिक्षकों पर रोक लगा दी है। 1हालांकि गैर जिले से सीतापुर जिले में स्थानांतरण प्रक्रिया के तहत शिक्षक आ सकेंगे। शासन के इस फरमान से जिले से गैर जिले के लिए स्थानांतरण को लेकर ऑनलाइन आवेदन कर सत्यापन होने वाले शिक्षकों का झटका लगा है। बेसिक शिक्षा विभाग में पांच वर्ष पूरे कर चुके गैर जिले के शिक्षकों के अंतर्जनपदीय स्थानांतरण को लेकर मार्च व अप्रैल माह में ऑनलाइन आवेदन मांगे गए थे। गैर जिले के लिए लगभग 2400 से अधिक शिक्षक व शिक्षिकाओं ने आवेदन किया था। इनमें से 2237 का ऑनलाइन सत्यापन भी पूरा करके परिषद को भेजा गया था। इसी स्थानांतरण प्रक्रिया के सुगबुगाहट के बीच शासन का नया आदेश आ गया। जिसमें कहा गया है कि जिस जिले में स्वीकृत पदों के सापेक्ष 15 प्रतिशत से अधिक पद रिक्त हैं उन जिलों से शिक्षकों का स्थानांतरण नहीं होगा। इस दायरे में जो 15 जिले आए उनमें सीतापुर का नाम भी शामिल था। जिले में 1065 प्राथमिक व 267 उच्च प्राथमिक शिक्षकों के पद रिक्त होने का आंकड़ा परिषद को भेजा गया था। ऐसे में सीतापुर जिले से शिक्षक गैर जिले के लिए स्थानांतरित नहीं होंगे, लेकिन गैर जिले से यहां स्थानांतरित होकर आ सकते हैं।