69000 शिक्षक भर्ती Result में MRC का मतलब क्या है ? साथ ओबीसी के नुकसान पर रिपोर्ट भी
69000 सहायक अध्यापक भर्ती 2019 की जो जिला आवंटन लिस्ट कई आयी । उस लिस्ट में सबसे अधिक घाटा ओबीसी को ही हुआ ।
जिला आवंटन के लिए मनपसंद जिला देने के ओबीसी का बच्चा जो unreserved में क्वालीफाई था उसे ओबीसी के डाल दिया गया तथा मनपसंद जिला दे दिया गया ।

हालांकि इससे उसका फायदा तो हुआ कि उसे उसका ग्रह जनपद मिला लेकिन ऐसा करने से जो बच्चे ओबीसी वर्ग का लाभ लेके सेलेक्ट हुए हो वो चयन से बाहर हो गए तथा unresereved से जिस ओबीसी को निकाल कर ओबीसी वर्ग में डाल दिया गया इससे सामान्य की एक शीट खाली हुई जिसपे सामान्य का बच्चा सेलेक्ट हो गया हालांकि उसे जिला घर से दूर का मिला ।

What is MRC in UP teacher result 2020 - सहायक अध्यापक भर्ती रिजल्ट 2020 में एमआरसी का मतलब - 

टेक्निकली इस बात को MRC - Meritorious reserved candidates कहा जाता है । जबकि होना ये चाहिए कि आप पहले आरक्षण के नियम अनुसार, पदों के सापेक्ष बच्चो को सेलेक्ट करिये ।
उसके बाद जिला आवंटन हो। तथा unreserved में क्वालीफाई ओबीसी के बच्चे को सिर्फ ग्रह जनपद देने के लिए रिजर्व्ड ओबीसी केटेगरी में माना जाए न कि यह मान लिया जाए उसका चयन ही ओबीसी ( रिजर्व्ड ) में हुआ ।

यही बात hight court ne apne judge ment me bhi kahi thi 68500 में ओबीसी (unreserved सिलेक्टेड ) के बच्चे को सिर्फ (only ) ग्रह जनपद देने के लिए रिजर्व्ड (ओबीसी )केटेगरी में माना जाए तथा इससे unreserved की जो शीट खाली हो रही है उसे ओबीसी (रिजर्व्ड )के कम मेरिट के बच्चे से ही भरा जाए भले ही उसे दूर का जिला मिले। किंतु 690000 शिक्षक भर्ती में ये बात नही अपनायी गयी  । जिससे बहुत से ओबीसी वर्ग में सेलेक्टेटेड बच्चे बाहर हो गए तथा unreserved की खाली हुई शीट को सामान्य के बच्चे से भर लिया गया ।