Anamika shukla case - ननद और भाभी दोनों ने झटकी कस्तूरबा में नौकरी
कस्तूरबा बालिका विद्यालय में अनामिका शुक्ला के नाम से नौकरी करने वाली एक ननद-भौजाई का पुलिस ने खुलासा किया है। इस फर्जीवाड़े का मास्टरमाइंड उसका जीजा है। जिसने दोनों महिलाओं को फर्जी अनामिका बनाकर नियुक्ति कराई थी। अलीगढ़ पुलिस ने फर्जी अनामिका बनी भाभी को गिरफ्तार कर लिया। अब कर्नलगंज पुलिस उसकी ननद की तलाश में लगी है।

कस्तूरबा विद्यालय में अनामिका शुक्ला के नाम पर नौकरी करने वाली शिक्षिका का खुलासा होने के बाद प्रयागराज के बीएसए ने कर्नलगंज थाने में भी फर्जी अनामिका के खिलाफ एफआईआर कराई थी। पुलिस को शुरुआती जांच से पता चला कि जिले में रीना नामक महिला अनामिका के नाम पर नौकरी कर रही थी। लेकिन जब जांच आगे बढ़ी तो पता चला कि रीना की जगह कानपुर देहात की सरिता यादव अनामिका बनकर नौकरी कर रही थी। खुलासा होने के बाद से वह फरार है। बताया जा रहा है कि इस फर्जीवाड़े का खुलासा अलीगढ़ पुलिस ने किया। अलीगढ़ पुलिस ने वहां पर तैनात फर्जी अनामिका की जांच करते हुए कानपुर देहात की बबली यादव को गिरफ्तार किया। पूछताछ में पता चला कि बबली यादव की ननद सरिता यादव प्रयागराज में नौकरी कर रही थी। इन्हें उनके जीजा बल्लू यादव ने अपने मित्र पुष्पेंद्र की मदद से तीन तीन लाख रुपये लेकर फर्जी नियुक्ति कराई थी। कर्नलगंज इंस्पेक्टर अरुण त्यागी ने बताया कि फर्जी अनामिका यानि सरिता यादव की तलाश में प्रयागराज पुलिस की एक टीम कानपुर देहात में छापेमारी करेगी। उसके खिलाफ साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं।