सम्पूर्णानंद से 2004 से 2014 के डिग्री होल्डर्स बेसिक शिक्षकों के प्रमाण पत्र जांच हेतु तलब
■ एसआईटी ने सभी बीएसए व डायट प्राचार्य से तलब की थी सूची 
■ 2004 से 2014 के बीच चयनित होने वाले शिक्षक दायरे में 
■ विभिन्न डिग्रियों के सत्यापन में अनियमितता की हो रही जांच


■ इन पर मांगी जानकारी
● चयनित अभ्यर्थियों की नाम, पिता व पता सहित सूची
चयनित परीक्षा का नाम व तिथि
● सम्पूर्णानंद संस्कृत विवि के डिग्रीधारक चयनित अभ्यर्थियों की सत्यापन रिपोर्ट
●प्रमाणपत्र फर्जी पाया गया तो उनके विरूद्ध कृत कार्रवाई का विवरण


सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय एवं इससे सम्बद्ध कॉलेजों से शिक्षा प्राप्त करने वाले चयनित शिक्षकों की सूची विभाग ने एक बारफिर तलब की है। ऐसे सभी शिक्षकों से एक निर्धारित प्रारूप पर सूचना एकत्र की जा रही है। इससे पहले एसआईटी के पत्र पर विभाग ने इन शिक्षकों की जानकारी मांगी थी। शैक्षिक अभिलेखों के सत्यापन में अनियमितता की खबरों पर शासन ने एसआईटी जांच बिठा दी थी जो काफी समय से जारी है। विशेष अनुसंधान दल ने पिछले वर्ष सभी बीएसए एवं डायट प्राचार्य को पत्र लिखकर जानकारी मांगी थी। कहा गया था कि 2004 से 2014 के बीच उन शिक्षक की सूची दी जाए जिन्होंने सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय से प्राप्त डिग्री के आधार पर नौकरी हासिल की है। अनेक शिक्षकों ने वाराणसी इस संस्कृत विश्वविद्यालय से पूर्व मध्यमा, उच्चतर मध्यमा, शास्त्री एवं शिक्षा शास्त्री के अन्तर्गत हासिल की थी। शासन को ऐसी शिकायतें मिली थीं जिसमे कहा गया था कि कई शिक्षकों ने कूटरचित तरीके से डिग्रियां तैयार कर आवेदन में लगाई थीं एवं बाद में मिलीभगत कर उनका सत्यापन भी करा दिया गया था। शासन ने ऐसी शिकायतों स्थित का संज्ञान लेकर मई 2014 में एसआईटी जांच बिठा दी थी। एसआईटी तबसे इस मामले की गहन छानबीन कर रही है । उस समय एसआईटी के पत्र पर विभागने सूचना उपलब्ध कराई थी। इस बीच विभाग ने फिर से सम्पूर्णानन्द विश्वविद्यालय से शिक्षा हासिल करने शिक्षकों से एक प्रारूप पर जानकारी मांगी है।