69000 शिक्षक भर्ती में खाली 1280 पदों पर केस-टू-केस होगा विचार, साथ ही बीएसए ऑफिस का होगा कायाकल्प - बोले बेसिक शिक्षा मंत्री - bsa office kayakalp

उत्तर प्रदेश के बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) सतीश द्विवेदी ने शनिवार को अनुसूचित जनजाति बाहुल्य इलाकों में एकलव्य विद्यालय खोले जाने की घोषणा की। इसके तहत यूपी के लखनऊ, बिजनौर, सोनभद्र व श्रावस्ती जिले में ये विद्यालय खोले जाएंगे। यूपी में अभी तक बहराइच व लखीमपुर खीरी में दो विद्यालय संचालित हो रहे हैं। 





शनिवार को  69 हजार शिक्षक भर्ती प्रक्रिया के रिक्त पदों के सवाल पर कहा कि इसमें कुल 1280 पदों पर विभिन्न कारणों से नियुक्ति रोकी गई है। केस-टू-केस मामलों की सुनवाई कर जल्द से जल्द निस्तारण का निर्देश दिया गया है। परिषदीय स्कूलों में माननीय व अफसरों के बच्चों के पढ़ने के सवाल पर बोले कि योगी सरकार के प्रयास से समय बदल रहा है। अब नो एडमिशन का बोर्ड परिषदीय स्कूलों के बाहर भी लगने लगा है।  


प्रदेश के सभी जिलों के बीएसए कार्यालय का होगा कायाकल्प
शिक्षा मंत्री ने बताया कि जिलों के बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालयों का कायाकल्प किया जाएगा। बस्ती से इसकी शुरुआत करते हुए बीएसए जगदीश शुक्ल के प्रयासों को सराहा और बोले कि जिस तरह सभी परिषदीय स्कूलों को भौतिक व आधुनिक सुविधाओं से लैस किया गया है, उसी तर्ज पर बीएसए कार्यालय का भी नवीनीकरण व सौंदर्यीकरण कराया जाएगा। वह बस्ती में मिशन प्रेरणा गोष्ठी एवं बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय के भवन का लोकार्पण करने पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने मिशन प्रेरणा की उपलब्धियों पर चर्चा के साथ ही जनपद के 100 से अधिक उत्कृष्ट शिक्षकों को बेहतर कार्य के लिए सम्मानित किया।