आंगनबाड़ी केंद्रों में हॉट कुक्ड फूड बनाएंगे स्कूलों के रसोईया, तीन से छह वर्ष के बच्चों को सरकार खिलाएगी पौष्टिक खाना anganbadi hot cooked food up news
लखनऊ : प्रदेश सरकार आंगनबाड़ी केंद्रों में आने वाले तीन से छह वर्ष तक के बच्चों को गर्मागर्म पौष्टिक खाना खिलाने जा रही है। योगी सरकार लंबे समय से बंद चल रही हॉट कुक्ड फूड योजना फिर शुरू कर रही है। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग प्रदेश के 1.89 लाख आंगनबाड़ी केंद्रों के बच्चों को इस योजना का लाभ देगा। इस योजना को मिड डे मील की तर्ज पर चलाया जाएगा। यानी विद्यालयों में मिड डे मील बनाने वाला रसोइया हॉट कुक्ड फूड भी पकाएगा। सरकार ने कोरोना संक्रमण की वजह से बंद चल रहे आंगनबाड़ी केंद्रों को प्रोटोकॉल के साथ खोलने के भी निर्देश दिए हैं।


आंगनबाड़ी केंद्रों में छह वर्ष तक की आयु के बच्चों को शिक्षा देने के साथ ही किशोर युवतियों, गर्भवती महिलाओं तथा छोटे बच्चों की माताओं को कुपोषण से बचाने के लिए पोषाहार दिया जाता है। सरकार ने पोषाहार वितरण का काम महिला स्वयं सहायता समूहों को दिया है। चूंकि सहायता समूहों को पोषाहार बनाने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने में समय लग रहा है, इसलिए सरकार लाभार्थियों को सूखा राशन जैसे चावल, दाल व गेहूं के साथ दूध पाउडर व घी दे रही है।

इसी क्रम में सरकार अब आंगनबाड़ी केंद्रों में छह वर्ष तक के बच्चों को हॉट कुक्ड फूड भी मुहैया कराएगी। प्रत्येक केंद्र पर औसतन 20 से 25 बच्चे नामांकित हैं। इस योजना का मुख्य उद्देश्य बच्चों का कुपोषण दूर करना है। बाल विकास सेवा एवं पुष्टाहार विभाग के अधिकारियों के मुताबिक हॉट कुक्ड फूड योजना को मिड डे मील योजना के मेन्यू के अनुसार संचालित किया जाएगा। इसके लिए विभाग हर चौथे महीने अनाज भी उपलब्ध कराएगा।

संयुक्त खाते से योजना होगी संचालित : ग्राम स्तर पर हॉट कुक्ड फूड योजना को संचालित करने के लिए स्वयं सहायता समूह की अध्यक्ष व आंगनबाड़ी कार्यकर्ता के संयुक्त खाते में धनराशि हस्तांतरित की जाएगी। आंगनबाड़ी केंद्र में पढ़ने वाले बच्चों का खाना भी विद्यालयों में मिड-डे-मील बनाने वाला रसोइया तैयार करेगा। सरकार कन्वर्जन मनी के रूप में 4.5 रुपये प्रति लाभार्थी प्रति दिन के हिसाब से प्रदान करेगी। इसमें 1.5 रुपये रसोइया को दिए जाएंगे।