डीएलएड (डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन) प्रवेश - 2021
डीएलएड 2021 में प्रवेश के आदेश अब अप्रैल में आने के आसार, डीएलएड में इस बार हो सकते हैं बड़े बदलाव - D.L.Ed. (Diploma in Elementary Education) Admission - 2021

प्रयागराज : डीएलएड (डिप्लोमा इन एलीमेंट्री एजुकेशन) 2021 में प्रवेश के आदेश अब अप्रैल माह में आने के आसार हैं। परीक्षा संस्था का प्रस्ताव फरवरी से बेसिक शिक्षा निदेशक कार्यालय व शासन में लंबित है। कहा गया था कि मार्च के अंत तक आदेश निर्गत हो सकता है। अब होली के अवकाश के बाद निर्देश जारी होने की उम्मीद की जा रही है।


प्राथमिक विद्यालयों में शिक्षक बनने के दो वर्षीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम डीएलएड में इस बार बड़े बदलाव भी हो सकते हैं। यह पाठ्यक्रम प्रदेश के 67 जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थानों व 3103 निजी कालेजों में संचालित हो रहा है। सरकारी संस्थानों में 10,600 व निजी कालेजों में 2,31,600 सीटें हैं। शिक्षक भर्ती में डीएलएड व अन्य पाठ्यक्रमों के साथ ही बीएड के अभ्यर्थियों को भी मौका दिया जा रहा है। शासन की मंशा है कि मेधावी ही हर पद पर चयनित हों। इसको ध्यान में रखकर प्राथमिक स्कूलों में शिक्षक बनने के प्रशिक्षण पाठ्यक्रम की प्रवेश परीक्षा कराने की तैयारी है। उप्र परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय इसका प्रस्ताव भेज चुका है।

डीएलएड 2020 में भी प्रवेश नहीं : कोरोना के कारण डीएलएड 2020 के लिए भी प्रवेश प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी है। हालांकि परीक्षा संस्था ने समय रहते इसका भी प्रस्ताव भेजा था। संक्रमण के हालात कुछ सुधरने पर डीएलएड 2020 के लिए प्रवेश कराने की मुहिम निजी कालेजों ने शुरू की, लेकिन इस पर निर्णय नहीं हो सका। ऐसे में इस बार प्रवेश शुरू होना तय माना जा रहा है।

बीएड को मान्य करने से घटा रुझान : प्राथमिक स्कूलों की शिक्षक भर्ती में बीएड को मान्य करने से प्रतियोगियों में डीएलएड करने का रुझान काफी कम हुआ है। दरअसल बीएड करने से अभ्यर्थी अन्य शिक्षक भर्तियों में भी शामिल हो सकते हैं, जबकि डीएलएड से सिर्फ प्राथमिक स्कूलों की भर्ती में प्रतिभाग कर सकेंगे। इसीलिए निजी कालेजों में बड़ी संख्या में सीटें खाली रही हैं।

उप्र परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय फरवरी में भेजा प्रस्ताव देरी से ऑनलाइन आवेदन और प्रवेश प्रक्रिया पर असर पड़ना तय