Anganbadi ICDS Nideshalaya में 10 साल से अधिक जमे 19 कर्मचारियों का सीएम के अनुमोदन के बाद हुआ ट्रांसफर

Anganbadi ICDS Nideshalaya में 10 साल से अधिक जमे 19 कर्मचारियों का सीएम के अनुमोदन के बाद हुआ ट्रांसफर

राज्य मुख्यालय : बाल विकास एवं पुष्टाहार निदेशालय में 10 साल से अधिक समय से जमे 19 प्रधान सहायकों का तबादला कर दिया गया। हाल ही में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने वर्षों से निदेशालय में काबिज लोगों को हटाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी।



बाल विकास एवं पुष्टाहार निदेशालय में करीब तीन दर्जन कर्मचारी लंबे समय से जमे हैं। इनमें से कई कर्मचारी ऐसे हैं, जो अपनी नियुक्ति के बाद से कहीं अन्यत्र नहीं गए। कुछ कर्मचारी ऐसे हैं, जिनका अगर निदेशालय से बाहर तबादला भी हुआ तो भी नहीं गए। वहीं कई कर्मचारी ऐसे हैं जो एक-दो साल बाहर की तैनाती देने के बाद फिर यहीं वापस आ गए और दोबारा वापस आने के बाद भी 10 साल से अधिक समय हो चुका है। एक-दो कर्मचारी ऐसे हैं, जो तबादले के बाद भी कार्यमुक्त नहीं हुए। 


इनमें कई कर्मचारी जब तब अपने कारनामों से सुर्खियां बटोरते रहे हैं। पंजीरी सिण्डीकेट से सांठगांठ के भी आरोप लगते रहे हैं। कुछ पर अनियमित तरीके से प्रमोशन लेने के भी आरोप हैं।


इन लोगों का हुआ है तबादलाराजदेव -फतेहपुर, सुषमा बहुगुणा-बदायूं, सुधीर खरवार-सुलतानपुर, अमित चौहान-झांसी, सतीश वर्मा- औरैया,राजेन्द्र कुमार शुक्ला-जालौन, कमलेश कुमारी-इटावा, योगेन्द्र यादव-सोनभद्र, एस.एन.सिंह-संतरविदास नगर, अनिल कुमार श्रीवास्तव-आजमगढ़, अर्चना राय-उन्नाव, अजय बाजपेई-बलरामपुर, रिजवान अहमद-मिर्जापुर, उषा श्रीवास्तव-मैनपुरी, महजबी नईम-संत कबीर नगर, राजेश काके-बहराईच, कविता वर्मा-फरूर्खाबाद,सरिता सिंह-जालौन और हरी बाबू-बस्ती


पहले पटल से हटाये गए जमे कर्मचारी

विभाग में नई अपर मुख्य सचिव और निदेशक आने के बाद से लगातार बरसों से जमे लोगों को हटाने की कार्रवाई चल रही है। बीते दिनों एक ही पटल का लंबे समय से काम देख रहे लोगों का पटल बदला गया था। इसके अलावा करीब डेढ़ दर्जन कर्मचारियों का निदेशालय से बाहर भी तबादला किया गया था।
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